तैने दियो नहीं है दान

तैने दियो नहीं है दान,

तैने सम्पत पाकर क्‍या किया ।

दान दिया श्रेयांस ने आदि जग के माय,

आदिनाथ भगवान कूँ बरसे रतन अपार ॥

तैने सम्पत पाकर क्‍या किया ॥१॥

जय कुमार सुलोचना, दान तना फल पाय,

दान से शुभ गति पावसी पावें पद निर्वाण ॥

तैने सम्पत पाकर क्‍या किया ॥२॥

दान बिना नर जान जी, सुख सम्पत्ति अरु भोग,

दान बिना शोभा नहीं, जाने सब कोई लोग ॥

तैने सम्पत पाकर क्‍या किया ॥३॥

चार दान आगम विधै, भाख्या श्री भगवान,

दीजो शुद्ध मन भाव सु, पावैं मोक्ष कल्याण ॥

तैने सम्पत पाकर क्‍या किया ॥४॥

दान बिना नर जाण जो, जाणै मृतक समान,

घर मसान सम जाण जो, तने चूट्या चूट्या खाय ॥

तैने सम्पत पाकर क्‍या किया ॥५॥

0:00
0:00