भावना की चूनरी ओढ के जिनमन्दिर में आवजो रे ।
आवजो आवजो आवजो रे, सारी नगरी बुलावजो रे ॥
भावना की चूनरी…
श्रद्धा के रंग से रंग लो चुनरियां, ज्ञान गुणों से जडी ।
मंगल उत्सव आज दिवस का, होगी प्रभावना बडी ।
हो … लेके श्रद्धा अपार आप आवजो रे,
आप आवजो आवजो आवजो रे, सारी नगरी बुलावजो रे ।
भावना की चूनरी…
वीतरागता उर में धारी, वेश दिगम्बर लिया ।
जग को मुक्ति मार्ग बताया, जग का कल्याण किया ।
हो … लेके भक्ति अपार आप आवजो रे,
आप आवजो आवजो आवजो रे, सारी नगरी बुलावजो रे ।
भावना की चूनरी…